कच्चे कर्मचारियों को बिना शर्त पक्का करके पुरानी पेंशन स्कीम का लाभ दे सरकार : जयकुॅवार दहिया

भूप एक्सप्रेस।
रोहतक, दिनांक 12 दिसम्बर(रोहित सोलंकी)। रविवार को राज्यव्यापी कॉल को मद्देनजर रखते हुए सर्व कर्मचारी संघ हरियाणा से संबंधित सभी विभागीय यूनियनों की कार्यकर्ता पहले मानसरोवर पार्क में एकत्रित हुए तत्पश्चात जिला उपायुक्त कार्यालय पर प्रदर्शन करते हुए रोष व्यक्त किया गया। प्रदर्शन की अध्यक्षता जिला प्रधान कर्मवीर सिवाच द्वारा की गई एवं संचालन जिला सचिव जयकुॅवार दहिया द्वारा किया गया।
सभा को संबोधित करते हुए नेताओं ने बीजेपी एवं जेजेपी की गठबंधन सरकार को कौशते हुए संबोधन किया और बताया कि लंबे समय से सर्व कर्मचारी संघ हरियाणा कर्मचारी मांग मुद्दों को लेकर लड़ाई के मैदान में है। संघ की हरियाणा सरकार द्वारा सचिवालय में बुलाकर अनेकों बार बातचीत भी की गई, सरकार द्वारा बार-बार कर्मचारियों की मांगों को जायज ठहराते हुए संभावना भी जताई गई कि इन्हें तुरंत लागू किया जाएगा परंतु वहीं ढाक के तीन पात, आज तक सरकार द्वारा किसी भी मांग मुद्दे पर कोई स्थाई आदेश जारी नहीं किए गए और जिन मांगों पर छोटे-मोटे आदेश जारी किए गए वह भी ऊंट के मुंह में जीरे के समान दिखाई दे रहे हैं।विभागीय अधिकारी उन्हें लागू करने में संकोच पैदा कर रहे हैं कारण वंश कर्मचारियों को परेशान होकर उच्च न्यायालय का सहारा लेना पड़ रहा है।

नेताओं ने सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि सरकार को किसानों द्वारा किए गए आंदोलन से सिख लेकर कर्मचारियों के मांग मुद्दों पर शीघ्र बातचीत करके आंदोलन से पिछे हटाने पर विचार करना चाहिए अन्यथा आने वाली 23-24 फरवरी 2022 को होने वाली राष्ट्रीय हड़ताल में हरियाणा के लाखों कर्मचारी बढ़-चढ़कर भाग लेंगे।
कर्मचारीयों की कुछ मांगो में मुख्य रूप से कच्चे कर्मचारियों को पक्का करना,नई पेंशन नीति को बंद कर पुरानी पेंशन स्कीम बहाल करना, परिवहन सेवा को सुचारू रूप से चलाने के लिए जनता हीत में रोडवेज बस बैडे में 14000 नई बसें शामिल करें , बिजली विधेयक बिल 2021 रद्द करें , स्वास्थ्य विभाग में कार्यरत कोरोना योद्धा कहें जाने वाले कच्चे कर्मचारियों को बार बार नोकरी से बाहर करना, सभी विभागीय कर्मचारियों को तकनीकी वेतनमान को देना, पंजाब के समान वेतनमान लागू करना, एक्स ग्रेशिया पॉलिसी का लाभ देना , सभी विभागीय कच्चे एवं पक्के कर्मचारियों को समय पर वेतन नही दिया जा रहा, कर्मचारियों के प्रमोशन पर लगीं रोक तुरंत हटाई जाए,महिला कर्मचारियों के लिए विभागीय योजनाओं अनुसार बार-बार मांग के पश्चात विश्राम वाली जगह नहीं बनाना, सभी विभागीय अधिकारियों द्वारा कर्मचारियों का शोषण करना, ठेकेदारी प्रथा बंद करके सभी कर्मचारियों को विभागीय पैरोल बेस पर लेना, कर्मचारी जब तक पक्के ना हो समान काम समान वेतन देना , जोखिम भरी नौकरी करने वाले कर्मचारी को ₹5000 जोखिम भत्ता देना, कर्मचारी की हादसे में होने वाली मौतों पर राहत के तौर पर अंशदान के रूप में 50 लाख रुपए एवं परिवार के आश्रित को पक्का रोजगार देना, सीवरमैन के लिए कार्य करते समय ऑक्सीजन सिलेंडर उपलब्ध कराना आदि मांगों को लेकर कर्मचारियों द्वारा प्रदर्शन किया गया।
प्रदर्शन में सिंचाई, रोडवेज,बिजली, नगर निगम, हैमसा, हरियाणा टूरिज्म, हुड्डा, चतुर्थी श्रेणी, पीटीआई, स्वास्थ्य, रिटायर्ड कर्मचारि, पटवार एवं कानूनगो एसोसिएशन,फायर ब्रिगेड, सीआईटी यूं, वकील बार एसोसिएशन, अखिल भारतीय किसान सभा, खेत मजदूर यूनियन आदि के कर्मचारियों नेताओं ने हजारों की संख्या में भाग लिया जिसमें महेंद्र प्रताप गुलिया, सुमेर सिवाच, कामरेड रामकिशन, शिव कुमार, रायसिंह नेहरा, धर्मराज कुंडू, विकास दहिया, मनजीत पांचाल, सुभाष शर्मा, रामकरण पूनिया,पारस मदीना, सतवीर मुंढाल, जोगिंदर दलाल, जय भगवान चहल,प्रदिप जांगड़ा, रमेश कुमार, मनवीर सिंह, कामरेड अतर सिंह, कामरेड रामचंद्र सिवाच ,कामरेड संदीप, सुमित दलाल ,जयवीर चहल, कामरेड विनोद, हिम्मत राणा, महेंद्र बागड़ी, रणबीर दहिया आदि कर्मचारि नेताओं ने संबोधन में भाग लिया।