गुरुग्राम में चुनावी रंजिश के तहत नवनिर्वाचित सरपंच समेत आठ लोगों ने किया अनुसूचित जाति के युवक पर जानलेवा हमला

भूप एक्सप्रेस न्यूज़।

गुरुग्राम। गुरुग्राम में चुनाव खत्म होते ही चुनावी रंजिश का असर देखने में आ रहा है। इसका जीता जागता उदाहरण आज सोना कस्बे के गांव सहजावास में देखने को मिला।गांव सहजावास में सरपंच चुनाव की रंजिश में एक अनुसूचित जाति के युवक पर हमला करने व जातिसूचक शब्द कहने का मामला सामने आया है। युवक पर लाठी-डंडों व रॉड़ से हमला किया गया, जिसे घायल अवस्था में पहले सोहना अस्पताल में एडमिट कराया गया, बाद में उसे नागरिक अस्पताल गुड़गांव में एडमिट कराया गया है। पुलिस ने पीड़ित की शिकायत पर केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

सोहना ब्लॉक के गांव सहजावास में दूसरे चरण के तहत गत 12 नवंबर को मतदान था। गांव में श्रीगोविंद ने 22 वोटों से जीत दर्ज की और सरपंच चुन लिया गया। लेकिन इस जीत के दो दिन बाद ही सहजावास में ही रह रहे अनुसूचित जाति के परिवार के एक युवक पर हमला कर दिया, जिसका आरोप सरपंच श्रीगोविंद व उनके बेटे समेत सात लोगों पर लगाया है। पीड़ित राहुल ने भोंडसी थाना पुलिस को दी शिकायत में बताया कि गत 10 नवंबर को जयभगवान खन्न उनके घर आया था और कुछ कपड़े व पांच हजा रुपए की नकदी थी, जिसमें उसने उन्हें देने की पेशकश की थी, लेकिन उन्होंने लेने से मना कर दिया था। लेकिन इसके बाद जातिसूचक शब्द कहे थे, जिससे उन्होंने पुलिस को सूचना दे दी थी। इसके बाद 11 नवंबर को रात करीब 9 बजे कालू उर्फ संजीव, रोहित, कालू, ज्ञानपाल, प्रवीन ने दोबारा पैसे देकर वोट के लिए दबाव बनाया लेकिन वे नहीं माने। इस पर उन्होंने धमकी दी कि एक बार चुनाव होने के बाद देख लेने की धमकी दी।

गत 14 नवंबर की सुबह करीब 10 बजे अचानक जब राहुल कोर्ट के लिए जा रहा था तो घर से 500 मीटर की दूरी पर रास्ते मे जयभगवान, धर्मेन्द्रर उर्फ छोटू, दीपक, सज्जन, प्रवीन आदि ने उसे गाली देते हुए जातिसूचक शब्द कहे और उस पर लोहे की रॉड़ व डंडे से हमला कर दिया, जिससे मे बेहोश होकर जमीन पर गिर पड़ा। जब राहुल को होश आया तो वह खून से लथपथ पड़ा था। आसपास के लोगों ने उसे पहले सोहना अस्पताल पहुंचाया जहां से उसे नागरिक अस्पताल गुड़गांव के लिए रेफर कर दिया। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ लड़ाई झगड़ा समेत एससी, एसटी एक्ट समेत अन्य धाराओं के तहत केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।