नतीजों में क्यों नहीं बदले आप के दावे, क्या कांग्रेस ने बिगाड़ दिया खेल ?

भूप एक्सप्रेस न्यूज।                                          दिल्ली, (सुरेन्द्र शर्मा)। दिल्ली एमसीडी चुनाव को लेकर एग्जिट पोल्स में आम आदमी पार्टी को बड़ी जीत के दावे किए गए थे। लेकिन अब जब वोटों की गिनती शुरू है और रुझान आने लगे हैं तो मामला अलग दिख रहा है। अब तक सभी 250 सीटों के रुझान आ चुके हैं, जिनमें भाजपा 118 सीटों पर आगे चल रही है और आम आदमी पार्टी मामूली बढ़त के साथ 120 सीटों पर आगे है। वहीं कांग्रेस 7 सीटों पर आगे है, जबकि 5 पर निर्दलियों को बढ़त है। रुझानों से साफ है कि एमसीडी चुनाव के नतीजों में मामला एकतरफा नहीं है बल्कि भाजपा टाइट फाइट में टक्कर दे रही है।

इन रुझानों को लेकर दिल्ली की सियासी समझ रखने वालों का कहना है कि कांग्रेस का अब सबसे बुरा दौर गुजर चुका है। इसके चलते उसका पुराना वोटर कुछ हद तक लौटने लगा है। इसका असर अभी कांग्रेस की जीत के तौर पर भले नहीं दिख रहा है, लेकिन उसके वोट प्रतिशत में इजाफा हो सकता है। कांग्रेस के वोटों में यह इजाफा सीधे तौर पर आम आदमी पार्टी को नुकसान पहुंचा रहा है। आम आदमी पार्टी ने कांग्रेस के वोटों की कीमत पर ही सत्ता हासिल की थी। ऐसे में अब कांग्रेस का उभार उसके लिए टेंशन की वजह बन सकता है।

कांग्रेस के उभार के अलावा आम आदमी पार्टी के लिए कुछ और बातें हैं, जो नुकसान पहुंचा सकती हैं। आम आदमी पार्टी ने 2012 में राजनीतिक पारी की शुरुआत यह कहकर की थी, हम दूसरे लोगों से अलग हैं। हालांकि 10 सालों में ही तस्वीर काफी बदली है। दूसरे दलों से आए नेताओं और करप्शन जैसे मुद्दों पर आप घिरती दिखी है। खासतौर पर शराब घोटाले, तिहाड़ जेल में सत्येंद्र जैन की मसाज जैसे मसलों ने भाजपा को आक्रामक होने का मौका दिया था। माना जा रहा है कि इन मुद्दों ने भाजपा को थोड़ा पुश दिया तो वहीं आम आदमी पार्टी का माहौल थोड़ा कमजोर हुआ।