ऊझा के सरकारी स्कूल में सरपंच रेनू कुमारी रावल ने फहराया तिरंगा

कहा: आज का ये दिन गौरव का दिन, इसी दिन हुआ था सविधान लागू

पानीपत, 26 जनवरी (नंदपाल)। देश के 74वें गणतंत्र दिवस पर ऊझा गांव की सरपंच रेनू कुमारी रावल ने गांव के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में स्कूल प्रिंसिपल व स्टॉफ तथा गांव के गणमान्य लोगों को साथ लेकर तिरंगा फहराया और सभी को गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएं दी और कहा किआज का ये दिन गौरव का दिन, इसी दिन हुआ था सविधान लागू। राष्ट्रगान के साथ समारोह का शुभारंभ किया गया।

इस दौरान कंपकपाती ठंड में स्कूल प्रांगण में आयोजित गणतंत्र दिवस समारोह स्थल पर बतौर मुख्य अतिथि पहुंची सरपंच रेनू कुमारी रावल और उनके पति ऐडवोकेट नरेश कुमार रावल का स्कूल प्रिंसिपल महेंद्र सिंह एवं स्कूल स्टॉफ द्वारा फूलों के बुक्के देकर बड़ी ही गर्मजोशी से भव्य स्वागत किया गया।

स्कूल प्रशाशन के सहयोग से स्कूल की बालिकाओं ने जो भव्य प्रस्तुति सांस्कृतिक कार्यक्रमों की दी, उसे देखकर भारी संख्या में उपस्तिथित बच्चे एवं अभिभावक, भयंकर ठंड को ही भूल गए और करीब अढ़ाई तीन घण्टे तक सांस्कृतिक कार्यक्रमों खूब आनन्द लिया।

सांस्कृतिक कार्यक्रमों में विषेश बात देखने को मिली की दर्जन भर कार्यक्रम थे लेकिन मात्र एक स्पीच (भाषण जो हरदीप नाम के लड़के ने दिया) को छोड़कर अन्य सभी कार्यक्रम स्कूल की छात्राओं अर्थात बेटियों द्वारा प्रस्तुत किए गए। गौर करने वाली बात ये थी कि हर कार्यक्रम की प्रस्तुति अपने आप में अहम और शिक्षाप्रद थी। जैसे कि पर्यावरण बचाओ प्रदूषण हटाओ पर नाटिका, कल्पना चावला पर उसके जीवन से संबंधित नाटिका, हरयाणवी, पंजाबी और राजस्थानी संस्कृति पर आधारित गीतों पर मोनोएक्टिंग से बेटियों ने खूब समां बांधा और दर्शकों को तालियां बजाने पर मजबूर कर दिया।

समारोह के दौरान प्रिंसीपल महेंद्र सिंह ने मुख्य अतिथि के समक्ष स्कूल की उपलब्धियों को रखते हुए पूरी ग्राम पंचायत एवं उपस्थित बुद्धिजीवियों का ध्यान आकर्षित करते हुए कहा कि उन्हें ग्राम पंचायत के भरपूर सहयोग की आवश्यकता है, क्योंकि आज जो ऊझा स्कूल के बच्चे हरियाणा रंग उत्सव, नैशनल नैचुरल कार्यक्रमों में राज्य स्तर पर ऊंचाइयों पर अपने स्कूल का नाम रोशन कर रहे हैं और पढ़ाई में पूरे प्रदेश में पांचवें नंबर पर आने का जज्बा रखते हैं।

प्रिंसीपल ने सरपंच रेनू रावल और उनके पति नरेश रावल से सीधे सीधे तौर पर सहयोग करने की अपिल करते हुए कहा कि उन्हें और उनके स्टॉफ को उनसे बहुत सारी उम्मीदें हैं। उन्होंने कहा कि ऊझा गांव का ये सरकारी स्कूल आज विकास की दौड़ में, चाहे वह बच्चो की संख्या की बात हो या फिर खेल का क्षेत्र हो या पढाई का, या फिर सांस्कृतिक कार्यक्रमों का, सभी में प्रथम स्थान पर आने की हिम्मत रखता है। आज स्कूल बापौली ब्लॉक में ही नहीं बल्कि पूरे जिला में सबसे अग्रिम पंक्ति में खड़ा है। बस आपकी पंचायत के सहयोग की आवश्यकता है, यदि गांव की सरपंच और पूरी पंचायत सहयोग करे तो वे विश्वास दिलाते हैं कि कठिन परिश्रम से स्कूल का नाम पूरे हरियाणा प्रदेश में प्रथम स्थान पर लाने में कोई कोर कसर नहीं छोड़ेंगे ।

समारोह के अंत में मुख्यातिथि सरपंच ऊझा, रेनू कुमारी रावल को शॉल ओढ़ाकर और ऐडवोकेट नरेश कुमार रावल को स्कूल प्रिंसिपल एवं अन्य स्टॉफ द्वारा स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया। इसी बीच इकनॉमिक्स के प्रवक्ता अनिल पंवार ने सरपंच रेनू रावल के समक्ष स्कूल को मॉडल संस्कृति स्कूल बनाने में सहयोग करने की भी अपील की। रेनू रावल और ऐडवोकेट नरेश कुमार रावल ने बच्चो द्वारा दी गई प्रस्तुति से गदगद हो कर सभी बच्चों के लिए लडडू के प्रशाद और सांस्कृतिक कार्यक्रमों में भाग लेने वाले सभी बच्चों को ईनाम देने की घोषणा की और स्कूल स्टॉफ को विश्वास दिलाया कि स्कूल एवं बच्चों के उज्ज्वल भविष्य के लिए उनकी पंचायत कदम कदम पर स्कूल प्रशाशन के साथ खड़ी है और इसके लिए चाहे उन्हें मुख्यमंत्री से मिलना पड़े, वे हर प्रयास करेंगे जिससे ऊझा स्कूल सफलता की बुलंदियों पर पहुंचें। इस दौरान मंच संचालन के कार्य को शिक्षक दिनेश ने बखूबी निभाया और बच्चों का मार्गदर्शन किया। इस अवसर पर ब्लॉक समिति सदस्य दीपक तथा विक्रम पंच, शामलाल पंच, नवीन पंच, रीना पंच, सुनिल पंच, कंचन पंच, सोनू पंच, सुरेश नंबरदार, सुरेश रावल, रणबीर रावल, कृष्ण मुरारी, समाज सेवी राकेश पांचाल, राजू रावल आदि ग्रामवासी तथा सम्पूर्ण स्कूल स्टॉफ मुख्य रूप से मौजूद रहे।